DElEd 1st Semester Computer Teaching Shots Question Answer Practice Set

DElEd 1st Semester कम्प्यूटर शिक्षण Computer Teaching Shots Question Answer Sample Paper Practice Set Notes in Hindi

प्रश्न 41. इण्टरनेट सेवाओं का वर्णन कीजिए।

अथवा

ऑनलाइन कम्प्यूनिकेशन (On-line Communication) क्या होता है ?

उत्तर – इण्टरनेट सेवाएँ इण्टरनेट सेवाएँ निम्नलिखित हैं

ई-मेल (E-Mail) ई-मेल का पूरा नाम इलेक्ट्रॉनिक मेल (Electronic Mail) है। | मेल का अर्थ डाक अर्थात् डाक को इलेक्ट्रॉनिक रूप में एक कम्प्यूटर से दूसरे कम्प्यूटर में | स्थानान्तर्रित होने को इलेक्ट्रॉनिक कहा जाता है। हॉटमेल (Hotmail), ह (Yaho),

रेडिफमेल (Rediffmail) आदि अनेक ऐसे इण्टरनेट सर्वर हैं जो नि:शुल्क ई मेल भेजने, पाने तथा एकाउण्ट बनाने की सुविधा उपलब्ध कराते हैं।

ऑन-लाइन कम्यूनिकेशन (On-Line Communication) अब दो इण्टरनेट । प्रयोगकर्ता अपने सन्देशों का आदान-प्रदान एक ही समय में एक साथ कर रहे हों, तो इसे |

ऑन-लाइन कम्युनिकेशन कहते हैं। ई-मेल को हग आफ लाइन कम्युनिकेशन के रूप में। समझ सकते हैं। ई-मेल में हम अपने कम्प्यूटर पर सन्देश लिखकर उस पते के साथ व्यक्ति के मेल-बॉक्स में भेज देते हैं। हमने जिस व्यक्ति को ई-मेल भेजा है, वह व्यक्ति, जब चाहेगा तब हमारा भेजा गया सन्देश पढ़ेगा। इस तरह दोनों में एक ही समय में सन्देशों का आदान-प्रदान नहीं होता है। ऑन-लाइन कम्यूनिकेशन में सन्देश भेजने वाला ए सन्देश पाने । वाला व्यक्ति एक ही समय में इण्टरनेट से जुड़े होते हैं तथा भेजने वाला व्यक्ति, जो सन्देश अपने कम्प्यूटर में टाइप करता है, वह पाने वाले व्यक्ति के कटर मॉनीटर पर ‘व्यक्त होता है। इस प्रकार की सुविधा को कम्प्यूटर की भाषा में चैटिंग (Chatting) कहा जाता है।

ऑन-लाइन कम्यूनिकेशन की मदद से अलग-अलग शहरों, देशों में बैठे व्यक्ति आपस में मीटिंग भी कर सकते हैं। ये लोग एक समय सुनिश्चित कर लेते हैं और उस समय सभी इण्टरनेट से जुड़कर किसी एक ISP द्वारा दी जाने वाली चैटिंग की सुविधा का उपयोग करते हुए परस्पर सन्देशों का आदान-प्रदान उसी समय, टाइप करके अथवा माइक पर बोलकर कर सकते हैं।

वर्ल्ड वाइड वेब (World Wide Web : www)—इण्टरनेट पर अपने, अपने व्यवसाय, अपने द्वारा दी जाने वाली सेवाओं तथा अपने प्रतिष्ठान के विषय में विभिन्न सूचनाएँ पब्लिश करने हेतु वेबसाइट का निर्माण करना होता है। इण्टरनेट द्वारा प्रदत्त इस सेवा का उपयोग करने के लिए प्रयोगकर्ता को सर्वर पर स्थान लेना होता है। इसके लिए प्रयोगकर्ता को प्रतिवर्ष कुछ फीस भी देनी होती है। कुछ सर्वर अभी इस सेवा को नि:शुल्क भी उपलब्ध कराते हैं। इस स्थान को वेबसाइट कहा जाता है। प्रत्येक वेबसाइट का एक पता होता है। जिस व्यक्ति को यह पता ज्ञात होता है, वह उस वेबसाइट पर जाकर उन सूचनाओं का लाभ उठा सकता है। वेबसाइट में केवल सूचनाएँ लिखी या पढ़ी जा सकती हैं। ई-मेल भेजे या प्राप्त नहीं किये जा सकते हैं। आज कई प्रमुख अखबारों एवं पत्रिकाओं की अपनी वेबसाइट है जहाँ जाकर हम समाचार व सूचनाएँ पढ़ सकते हैं। |

प्रश्न 42. माइक्रोसॉफ्ट एक्सेल को समझाइए। इसको चालू करने के चरण लिखिए।

उत्तर–माइक्रोसॉफ्ट एक्सेल–माइक्रोसॉफ्ट एक्सेल माइक्रोसॉफ्ट ऑफिस विश्वभर में प्रयोग होने वाला एक विस्तारित स्प्रेडशीट प्रोग्राम है। यह आँकड़ों को संगठित अथवा व्यवस्थित करने, गणनाओं को पूरा करने, निर्णय लेने, डाटा का ग्राफ तैयार करने, व्यावसायिक रिपोर्ट्स तैयार करने, वेब पर डाटा प्रकाशित करने और वेबसाइट पर डाटा के साथ काम करने की सुविधा देता है। एक्सेल को चालू करने के चरण

  • स्टार्ट बटन पर क्लिक करें।
  • ऑल प्रोग्राम्स पर क्लिक करें।
  • माइक्रोसॉफ्ट ऑफिस पर क्लिक करें।
  • माइक्रोसॉफ्ट एक्सेल पर क्लिक करें।
  • माइक्रोसॉफ्ट एक्सेल प्रारम्भ हो जाएगा।

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प्रश्न 43. सर्च इंजन से आप क्या समझते हैं ? | (बी.टी.सी. 2017)

उत्तर_’सर्च इंजन’ (Search Engine) एक ऐसी तकनीक है, जिसके द्वारा किसी भी विषय से सम्बन्धित विश्वव्यापी सूचनाएँ आसानी तथा शीघ्रता से प्राप्त की जा सकती हैं। भारत में सर्वप्रथम सर्च इंचन सन् 1994 में ‘याहू’ (Yahoo) नाम से बनाया गया था।

वर्तमान समय में इण्टरनेट पर लगभग 100 से भी अधिक सर्च इंजन हैं परन्तु एक भी सर्च इंजन ऐसा नहीं है, जो समस्त जानकारियाँ पूर्ण रूप से प्रदान कर सके। ऐसा इसलिए है, क्योंकि सर्च इंजन एक प्रकार का प्रोग्राम होता है, जिसे समय-समय पर अद्यतन (update) किया जाना चाहिए। सर्च इंजन को अद्यतन करने में समय लगता है तथा इस बीच की नई जानकारियों को तत्सम्बन्धित सर्च इंजन द्वारा प्राप्त नहीं किया जा सकता।

उदाहरण– गूगल, याहू, क्रोम आदि।

प्रश्न 44. किसी भी एन्टीवायरस सॉफ्टवेयर की इन्सटॉलेशन प्रक्रिया को समझाइए।

उत्तर – एण्टीवायरस की इन्सटॉलेशन प्रक्रिया को उदाहरण स्वरूप दिये जा रहे Avast एण्टीवायरस इन्सटॉलेशन द्वारा समझा जा सकता है।

अपने कप्यूटर में । ।यल Avais। एन्टीवायरस स्थापित करने की चरण प्रक्रिया निम्नानुसार है।

(।) सर्वप्रथम इण्टरनेट की मदद से Avast फ्री ट्राइल वर्जन को डाउनलोड किया जाता

(ii) आपके सिस्टम में सुरक्षित ( डाउनलोड किया हुआ) Avast का सैटअप ओपन किया जाता है।

(iii) आपके स्क्रीन पर विण्डो ओपन होगी जिसमें इन्सटॉलेशन की भाषा सलैक्ट करके Next पर क्लिक करें।

(iv) यूजर नेम तथा लाइसेन्स डॉक्यूमेन्ट सम्बन्धी विण्डो प्रदर्शित होगी उस पर Next क्लिक करें।

(V) इन्सटॉलेशन पूर्ण होने पर Finish ऑप्शन पर क्लिक करें। Avast एन्टीवायरस आपके सिस्टम में स्थापित हो जाएगा।

प्रश्न 45. निम्नलिखित पर टिप्पणी लिखिए(i) वर्कशीट पैकेज, (ii) डाटा पैकेज।

उत्तर–(i) वर्कशीट पैकेज—इस पैकेज का प्रयोग कार्यालयों में सूचनाओं तता आँकड़ों को व्यवस्थित रूप में एकीकृत किया जाता है। इसमें आँकड़ों को रो तथा कॉलम वाइज सैट कर लिया जाता है तथा उनकी गणितीय गणना कार्य को सुविधापूर्वक किया जा सकता है। पैकेज का मुख्य अवयव वर्कबुक होता है जिसमें सामान्यत: तीन वर्कशीट होते हैं। एक वर्कशीट में 16384 कॉलम व 1048576 से हो सकते हैं।

(ii) डाटाबेस पैकेज—डाटाबेस पैकेज सॉफ्टवेयरों का प्रमुख उपयोग आँकड़ों को स्टोर करने के लिए किया जाता है। साथ ही साथ जरूरत के अनुसार प्रस्तुत करने की आवश्यक व्यवस्था की जाती है। इन सॉफ्टवेयर के द्वारा विभिन्न प्रकार के आँकड़ों को अपनी जरूरत के अनुसार व्यवस्थित किया जा सकता है। डाटाबेस सॉफ्टवेयरों के द्वारा विभिन्न प्रकार के आँकड़ों को एक प्रयोगकर्ता द्वारा विभिन्न विधियों के द्वारा तथा इण्टरनेट के द्वारा प्राप्त किया जा सकता है। डाटाबेस सॉफ्टवेयर के द्वारा एक साथ अनेक प्रयोगकर्ता लोकल एरिया नेटवर्क द्वारा एवं ब्राउजर द्वारा आँकड़ों विषयक प्रक्रिया में भाग ले सकते हैं। डाटाबेस सॉफ्टवेयर का उपयोग विविध विण्डोज में करके इण्टरनेट के द्वारा आँकड़े प्राप्त किये जा सकते हैं। डाटाबेस सॉफ्टवेयर के प्रयोग में यदि आर. ए. डी. टूल्स को सम्बन्धित | कर दिया जाए तो आँकड़ों से सम्बन्धित कार्य शीघ्र रूप में सम्पन्न होते हैं।

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